रेल संरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले पूर्वोत्तर रेलवे के 12 रेलकर्मी सम्मानित

गोरखपुर ब्यूरो: महाप्रबंधक, पूर्वोत्तर रेलवे विनय कुमार त्रिपाठी के निर्देश पर पूर्वोत्तर रेलवे पर प्रति माह संरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले रेलकर्मियों को महाप्रबंधक स्तर पर “मैन ऑफ द मन्थ” पुरस्कार से सम्मानित कर उनका मनोबल बढ़ाया जाता है।

इसी क्रम में सितम्बर, 2021 में पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल के 3, लखनऊ मण्डल के 4 तथा वाराणसी मंडल के 5 कर्मचारियों सहित कुल 12 रेलकर्मियों को संरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिये पुरस्कृत करने हेतु चुना गया, जिन्हें महाप्रबंधक श्री त्रिपाठी ने 23 नवंबर, 2021 को महाप्रबंधक सभा कक्ष, गोरखपुर में नगद पुरस्कार एवं प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया।

इज्जतनगर मंडल के जफीर अहमद ट्रैक मेंटेनर/रूद्रपुर सिटी ने पेट्रोलिंग के दौरान स्टाक रेल टूटी हुई देखकर त्वरित कार्रवाई करते हुये ट्रैक को संरक्षित किया तथा अपने अधिकारियों को तत्काल सूचित किया, जिससे समय रहते रेल फ्रैक्चर को ठीक किया जा सका।

इसी प्रकार सत्येन्द्र कुमार, ट्रैक मेंटेनर/फतेहगढ़ ने ड्यूटी पर रहते हुये कायमगंज स्टेशन पर टूटा हुआ रेल देखकर तत्काल सुरक्षा के उपाय करते हुए सम्बन्धित अधिकारी को सूचना दी जिससे कोई अप्रिय घटना नहीं हो सकी।

अनूप कुमार, गेटमैन/शमशाबाद ने कार्य के दौरान अप मालगाड़ी में नीचे एंगिल लटकते हुए देखकर तत्काल स्टेशन मास्टर/रूदायन को सूचित किया, जिससे गाड़ी को रूदायन स्टेशन पर रोककर एंगिल को बांधा गया, फलस्वरूप एक संभावित घटना को रोका जा सका।

लखनऊ मंडल के दिनेश कुमार, टेक्नीशियन/यांत्रिक लखनऊ ने वाशिंग पिट पर रेक परीक्षण के दौरान एक कोच के बायो-टॉयलेट ब्रैकेट में क्रैक को देखकर तत्काल ठीक कराया, जिसके कारण इनरूट होने वाली अप्रिय घटना को रोका जा सका।

प्रशान्त कुमार तिवारी, स्टेशन मास्टर/जहांगीराबाद ने ट्रैक टेढ़ा होने की सूचना पाकर गाड़ी संख्या-09033 को सरयू स्टेशन पर रुकने हेतु सूचित कर प्रशंसनीय कार्य किया।

अरविन्द कुमार, सिगनल मेंटेनर/खलीलाबाद ने सिगनल विफलता की सूचना पर साइट पर टूटी हुई रेल देखकर तत्काल इसकी सूचना नियंत्रण कक्ष को देकर जागल प्लेट को बंधवाया। तत्पश्चात रेल का बदलाव कराया गया, जिससे संभावित दुर्घटना से बचा जा सका।

रविशंकर यादव, खलासी/सिगनल एवं दूरसंचार, खलीलाबाद ने ट्रैक सर्किट विफलता की सूचना पर साइट पर रेल टूटी हुई देखा। इसकी तत्काल सूचना कंट्रोल को दिया, जिससे जागल प्लेट को बंधवाकर रेलपथ संरक्षित किया।

वाराणसी मंडल के प्रभुनाथ चौधरी, कांटावाला/सीवान ने सीवान यार्ड के गेट का बूम तोड़कर भाग रहे ट्रक का सजगता से नंबर नोट कर तत्काल स्टेशन मास्टर को सूचित किया, जिससे ट्रक चालक के विरुद्ध तत्काल आवश्यक कार्यवाही की जा सकी।

सत्यनारायण प्रसाद, कांटावाला/चैनवा ने गाड़ी संख्या 05028 के छठवें यान में ब्रेक बाइंडिंग के कारण उठते धुएं को देखकर तत्काल गार्ड, स्टेशन मास्टर एवं नियंत्रक को सूचित किया, जिससे गाड़ी को अगले स्टेशन पर रोककर अप्रिय घटना से बचा जा सका।

हेमंत कुमार, लोको पायलट/वाराणसी एवं अनिल कुमार, सहायक लोको पायलट/वाराणसी ने थ्रू पास हो रही मालगाड़ी के एक डिब्बे से चिनगारी निकलते देखकर तत्काल सम्बन्धित को सूचित किया, जिससे गाड़ी के चक्के को रिलीज कर अप्रिय घटना से बचाव किया जा सका तथा सुधांशु कुमार,एमसीएम/सीवान ने कुसुम्ही-गोरखपुर कैंट खंड में हुए ब्रेक डाउन का कार्य कम समय में संरक्षा एवं सुरक्षा के साथ ठीक किया।

सराहनीय कार्य के लिए इन रेलकर्मियों को महाप्रबंधक द्वारा मासिक संरक्षा पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।

फोटो परिचय (ऊपर): महाप्रबंधक, पूर्वोत्तर रेलवे विनय कुमार त्रिपाठी एवं वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संरक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले पुरस्कृत रेलकर्मी।